Adhuri Rahna Kavita Ki Niyati Hai

By: (Author)

250.00

  • Language ‏ : ‎ Hindi
  • Print length ‏ : ‎ 144 pages
  • ISBN-10 ‏ : ‎ 9381623236
  • ISBN-13 ‏ : ‎ 978-9381623237

नाउम्मीदी के खिलाफ हमनवाई के गीत गाते युवाओं को संबोधित इस किताब में वे सारे सवाल मौजूद है जिनसे जूझे बिना हम एक मुक्कमल हिन्दोस्तान नहीं बना सकते
इसी किताब से कुछ पंक्तियाँ

(ख़बर—समलिंगियों को सामान्य बनाया जाएगा—मंत्री उवाच) मंत्री एक अश्लील शब्द है
इसे लिखना पड़ा इसके लिए मैं सबसे माफी माँगता हूँ

स्त्री, स्त्री को प्यार करते हुए
उसके बदन पर फैल जाती है
और वक़्त रुक जाता है
पुरुष, पुरुष की नग्नता को
ज़मीं आस्मां में बुनता है
स्त्री और पुरुष कहानी, कहानी, कहानी

इतना प्यार करो कि हवा रुक जाए
पुरुष-पुरुष का मिलन
धरती की करवटों में
उल्लास की हल्की चीखें बन गूँजता है
स्त्री, स्त्री को पी जाती है
जैसे समंदर में नदी हों
स्त्री और पुरुष मिल कर एक नया लिंग बन जाते हैं

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